
निर्माण साइट पर दिन भर मेहनत करने वाले मजदूरों के लिए सबसे बड़ी चिंता अक्सर बच्चों की पढ़ाई का खर्च होती है। आंध्र प्रदेश भवन और अन्य निर्माण श्रमिक विभाग ने इसी चिंता को कम करने के लिए एक स्कॉलरशिप स्कीम बनाई है, BOC कार्यकर्ताओं के बच्चों को छात्रवृत्ति प्रदान करना, जो पंजीकृत निर्माण श्रमिकों के बच्चों के लिए है।
योजना है क्या
यहां एक जरूरी शर्त समझ लीजिए, ये स्कॉलरशिप सिर्फ उन्हीं श्रमिकों के बच्चों को मिलती है जो चंद्रन्ना बीमा के तहत नामांकित नहीं हैं। मतलब जो पहले से किसी और सरकारी बीमा या सहायता योजना का हिस्सा हैं, उनके लिए ये अलग व्यवस्था है। मकसद साफ है, निर्माण श्रमिकों के बच्चों की शिक्षा को किसी भी अन्य सरकारी छात्रवृत्ति के अतिरिक्त सहारा देना।
कितनी छात्रवृत्ति मिलेगी
राशि छात्र की क्लास या कोर्स के हिसाब से तय है।
| स्तर | वार्षिक राशि |
|---|---|
| 9वीं से 12वीं या ITI | ₹1,200 |
| स्नातक स्तर पर व्यावसायिक कोर्स | ₹5,000 |
यहां साफ फर्क दिखता है, स्कूल स्तर के मुकाबले प्रोफेशनल या व्यावसायिक कोर्स के लिए राशि करीब चार गुना ज्यादा है। ये शायद इसलिए क्योंकि उच्च शिक्षा के व्यावसायिक कोर्स की फीस स्कूली पढ़ाई से कहीं ज्यादा होती है।
कौन आवेदन कर सकता है
पात्रता की शर्तें इस प्रकार हैं।
- श्रमिक AP भवन और अन्य निर्माण श्रमिक कल्याण बोर्ड में पंजीकृत हो
- श्रमिक चंद्रन्ना बीमा के तहत नामांकित न हो
- छात्र 9वीं से 12वीं कक्षा या ITI/व्यावसायिक कोर्स (स्नातक स्तर) में पढ़ रहा हो
- एक परिवार को अधिकतम दो बच्चों के लिए ही स्कॉलरशिप मिल सकती है
दो बच्चों वाली सीमा पर ध्यान दीजिए, अगर परिवार में तीन या उससे ज्यादा बच्चे पढ़ाई कर रहे हों, तो सिर्फ दो को ही इस योजना का फायदा मिलेगा।
किन दस्तावेज़ों की जरूरत होगी
- कर्मचारी और उसके बच्चे का आधार कार्ड
- BOCW पहचान पत्र
- आयु प्रमाण पत्र
- अध्ययन प्रमाणपत्र
- मार्क्स मेमो
- छात्र की दो पासपोर्ट साइज़ फोटो
- छात्र के बैंक खाते का विवरण
- कॉलेज से पहचान पत्र, व्यावसायिक कोर्स के लिए
व्यावसायिक कोर्स करने वाले छात्रों के लिए कॉलेज पहचान पत्र अतिरिक्त रूप से मांगा जाता है, स्कूली छात्रों के लिए ये जरूरी नहीं।
आवेदन कैसे करें
प्रक्रिया पूरी तरह ऑफलाइन है।
स्टेप 1 — इच्छुक आवेदक को कार्यालय समय के दौरान AP भवन और अन्य निर्माण श्रमिक कल्याण बोर्ड जाना है और विशेष रूप से इसके लिए तैनात कर्मचारियों से आवेदन पत्र के तय प्रारूप की हार्ड कॉपी मांगनी है।
स्टेप 2 — फॉर्म में सभी जरूरी फील्ड भरनी हैं, और सभी जरूरी दस्तावेज़ों की कॉपी, जरूरत हो तो स्व-सत्यापित, संलग्न करनी है।
स्टेप 3 — पूरी तरह भरा और हस्ताक्षरित आवेदन पत्र दस्तावेज़ों के साथ सहायक श्रम अधिकारी या सहायक श्रम आयुक्त को जमा करना है।
स्टेप 4 — जमा करने के बाद रसीद या पावती जरूर लें, और ये चेक कर लें कि उसमें जमा करने की तारीख, समय और पहचान संख्या जैसी जानकारी दर्ज हो।
एक जरूरी बात यहां याद रखिए, आवेदन शैक्षणिक वर्ष की शुरुआत से 3 महीने के भीतर जमा करना अनिवार्य है। इस समय सीमा से चूकने पर आवेदन शायद स्वीकार न हो, इसलिए साल की शुरुआत में ही ये काम निपटा लेना बेहतर रहेगा।







