अंडमान निकोबार के OBC छात्रों को देश में कहीं भी पढ़ाई के लिए मिलेगी अतिरिक्त स्कॉलरशिप, जानिए पूरी डिटेल

On: August 9, 2026 6:36 PM

10वीं या 12वीं पास करने के बाद जब बच्चे आगे की पढ़ाई के लिए अपने द्वीप (अंडमान निकोबार) से बाहर निकलकर दिल्ली, चेन्नई, बेंगलुरु या किसी और शहर में जाते हैं, तो पढ़ाई का खर्च अचानक कई गुना बढ़ जाता है। इसी दिक्कत को दूर करने के लिए अंडमान और निकोबार प्रशासन के समाज कल्याण विभाग ने एक बेहतरीन स्कॉलरशिप स्कीम शुरू की है। इसका पूरा नाम है- ‘माध्यमिक स्तर के बाद भारत में कहीं भी उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए अंडमान और निकोबार द्वीप समूह के अन्य पिछड़े वर्गों के छात्रों को अतिरिक्त छात्रवृत्ति प्रदान करने की योजना’। नाम भले ही लंबा है, लेकिन इसका काम सीधा है—OBC छात्रों को देश में कहीं भी पढ़ाई करने पर अतिरिक्त आर्थिक मदद देना।

योजना का मकसद

इस योजना का सीधा फोकस अंडमान निकोबार के गैर-क्रीमी लेयर (Non-Creamy Layer) OBC छात्रों की मदद करना है। अगर वे 10वीं या 12वीं के बाद भारत में कहीं भी, किसी भी सरकारी मान्यता प्राप्त पॉलिटेक्निक, ITI, कॉलेज या यूनिवर्सिटी में पढ़ाई कर रहे हैं, तो उन्हें अतिरिक्त वित्तीय सहायता दी जाएगी। यहां ‘अतिरिक्त’ का मतलब है कि यह किसी दूसरी स्कॉलरशिप की जगह नहीं लेगी, बल्कि उसके ऊपर से एक एक्स्ट्रा मदद के रूप में मिलेगी।

कितनी छात्रवृत्ति मिलेगी

इसमें छात्रों को हर महीने ₹1,000 की राशि दी जाती है। यह एक शैक्षणिक सत्र में 10 महीने के लिए मिलती है, यानी सालाना ₹10,000 तक की मदद मिल सकती है।

यहां एक जरूरी शर्त यह है कि यह स्कॉलरशिप सीधे एडमिशन लेते ही नहीं मिल जाती। यह पिछले शैक्षणिक सत्र में पास हुए छात्रों को मिलती है। मतलब, उच्च शिक्षा या व्यावसायिक कोर्स का पहला साल पूरा करने के बाद ही छात्र इसके लिए पात्र माने जाएंगे।

स्कॉलरशिप का पैसा सीधे छात्र के आधार से लिंक बैंक खाते में भेजा जाता है। हालांकि, हर साल यह स्कॉलरशिप सरकार के पास मौजूद फंड पर भी निर्भर करती है।

कौन आवेदन कर सकता है

इसके लिए कुछ शर्तें तय की गई हैं, जिन्हें जानना जरूरी है:

-आवेदक अंडमान निकोबार प्रशासन की 16 दिसंबर 2005 की लिस्ट (और उसके अपडेट्स) के मुताबिक OBC श्रेणी से हो, और गैर-क्रीमी लेयर में आता हो।

-छात्र अंडमान निकोबार का स्थायी निवासी हो।

-किसी भी मान्यता प्राप्त बोर्ड से 10वीं या 12वीं पास की हो।

-किसी मान्यता प्राप्त संस्थान या यूनिवर्सिटी में उच्च शिक्षा की पढ़ाई कर रहा हो।

इसमें एक खास नियम यह भी है कि एक माता-पिता के सिर्फ दो बच्चों को ही इस स्कॉलरशिप का फायदा मिलेगा। हालांकि, अगर दूसरी संतान के जन्म के समय जुड़वां या उससे ज्यादा बच्चे हुए हैं, तो उन सभी को इसका पात्र माना जाएगा।

कौन से कोर्स इस स्कॉलरशिप में कवर होते हैं

इसमें कोर्सेज की लिस्ट काफी लंबी है। ग्रेजुएशन और पोस्ट ग्रेजुएशन के सभी कोर्स, M.Phil, PhD और पोस्ट डॉक्टरल प्रोग्राम इसमें आते हैं। इसके अलावा मेडिकल में पोस्ट ग्रेजुएट रिसर्च (एलोपैथी और भारतीय चिकित्सा), इंजीनियरिंग, आर्किटेक्चर, डिज़ाइन, फैशन टेक्नोलॉजी, एग्रीकल्चर, वेटरनरी साइंस, मैनेजमेंट, बिजनेस फाइनेंस और कंप्यूटर साइंस जैसे फील्ड भी कवर होते हैं।

साथ ही मैनेजमेंट और मेडिसिन में पोस्ट ग्रेजुएट डिप्लोमा, कमर्शियल पायलट लाइसेंस (हेलीकॉप्टर पायलट सहित), CA, ICWA, CS, ICFA जैसे प्रोफेशनल कोर्सेज भी शामिल हैं। फार्मेसी, नर्सिंग, LLB, पैरामेडिकल, जन संचार, होटल मैनेजमेंट, टूरिज्म, इंटीरियर डिज़ाइन और न्यूट्रिशन जैसे कोर्स भी लिस्ट में हैं, जिनके लिए न्यूनतम योग्यता 12वीं पास है।

मैट्रिक के बाद वाले नॉन-डिग्री कोर्स जैसे वोकेशनल स्ट्रीम, ITI कोर्स या पॉलिटेक्निक के तीन साल के डिप्लोमा प्रोग्राम भी इसमें आते हैं। मेडिसिन में पीजी करने वाले छात्र भी फॉर्म भर सकते हैं, बस शर्त यह है कि उन्हें कोर्स के दौरान प्राइवेट प्रैक्टिस करने की अनुमति न हो।

रिन्यूअल और छात्रवृत्ति की निरंतरता से जुड़े नियम

यह स्कॉलरशिप हर साल रिन्यू होती है, लेकिन इसके लिए छात्र का अगली क्लास में प्रमोट होना (पास होना) जरूरी है। अगर कोई बच्चा बीमारी या किसी गंभीर वजह से वार्षिक परीक्षा नहीं दे पाता है, तो मेडिकल सर्टिफिकेट या पक्का सबूत देने पर अगले साल के लिए स्कॉलरशिप रिन्यू की जा सकती है।

अगर किसी यूनिवर्सिटी के नियम के मुताबिक छात्र अगली क्लास में प्रमोट हो जाता है, तो वो उसी नई क्लास के लिए स्कॉलरशिप का हकदार होगा।

कुछ सख्त नियम भी हैं। अगर कोई छात्र लगातार एक साल से ज्यादा किसी क्लास में फेल हो जाता है, तो उसकी स्कॉलरशिप रोक दी जाएगी। अगर कोई गलत जानकारी देकर पैसे लेता पकड़ा गया, तो स्कॉलरशिप तुरंत कैंसिल होगी, पैसे वापस वसूले जाएंगे और उसे हमेशा के लिए ब्लैकलिस्ट कर दिया जाएगा। बीच में पढ़ाई छोड़ने पर भी स्कॉलरशिप का पैसा लौटाना होगा।

किन मामलों में स्कॉलरशिप नहीं मिलेगी

अगर आपने कोई कोर्स पूरा कर लिया है और उसी लेवल का कोई दूसरा कोर्स दोबारा करते हैं, तो स्कॉलरशिप नहीं मिलेगी। उदाहरण के लिए, BA के बाद BSc, BA के बाद B.Com, या एक विषय में MA करने के बाद दूसरे विषय में MA करना। इसी तरह B.Tech या B.Ed के बाद LLB करने पर भी यह मदद नहीं मिलेगी।

इसके अलावा, एयरक्राफ्ट मेंटेनेंस इंजीनियरिंग, प्राइवेट पायलट लाइसेंस, ट्रेनिंग शिप डफरिन (अब राजेंद्र), किसी भी डिफेंस एकेडमी, प्री-एग्जामिनेशन ट्रेनिंग सेंटर या डिस्टेंस एजुकेशन (दूरस्थ शिक्षा) कोर्स के लिए यह स्कॉलरशिप नहीं दी जाती है।

किन दस्तावेज़ों की जरूरत होगी

  1. पासपोर्ट साइज़ फोटो
  2. 10वीं/12वीं की मार्कशीट या डिप्लोमा/डिग्री का सर्टिफिकेट
  3. तहसीलदार या उससे ऊपर के अधिकारी द्वारा जारी जाति प्रमाण पत्र
  4. तहसीलदार स्तर के अधिकारी द्वारा बना गैर-क्रीमी लेयर प्रमाण पत्र
  5. आय प्रमाण पत्र
  6. अगर पिछले साल स्कॉलरशिप ली थी, तो उसकी रसीद
  7. रिन्यूअल के लिए संस्थान के प्रमुख (Principal/HOD) द्वारा साइन की गई मार्कशीट
  8. आधार कार्ड की कॉपी
  9. बैंक पासबुक के पहले पेज की कॉपी
  10. जरूरत पड़ने पर कोई अन्य कागज़ात

ध्यान रहे, जाति और गैर-क्रीमी लेयर प्रमाण पत्र सिर्फ तहसीलदार या उससे ऊपर की रैंक के अधिकारी से ही बने होने चाहिए, उससे नीचे के अधिकारी का सर्टिफिकेट मान्य नहीं होगा।

आवेदन कैसे करें

फॉर्म भरने की पूरी प्रक्रिया ऑनलाइन है और यह ‘राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल’ (NSP) के जरिए होती है।

पहली बार आवेदन कर रहे छात्रों को scholarships.gov.in पर जाकर “नया पंजीकरण” (New Registration) करना होगा और सही डिटेल्स भरनी होंगी। रजिस्ट्रेशन पूरा होते ही एक स्टूडेंट रजिस्ट्रेशन ID मिल जाएगी।

इसके बाद इसी ID से “फ्रेश एप्लीकेशन” पर जाकर लॉगिन करें। लॉगिन करने के बाद “आवेदन पत्र” पर क्लिक करें। पूरा फॉर्म भरकर और डॉक्यूमेंट्स अपलोड करके “अंतिम जमा करें” पर क्लिक कर दें। सबमिट करने के बाद एक रजिस्ट्रेशन नंबर मिलेगा, जिसे भविष्य के लिए सुरक्षित रख लें।

समाज कल्याण विभाग हर साल मई-जून के महीने में प्रमुख अखबारों और मीडिया के जरिए विज्ञापन देकर आवेदन मांगता है, इसलिए उस समय अपडेट्स पर नजर बनाए रखें।

संदर्भ (References)

FAQs:-

इस योजना का उद्देश्य क्या है?
इस योजना का उद्देश्य अंडमान और निकोबार के गैर-क्रीमी लेयर OBC छात्रों को भारत में कहीं भी उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए अतिरिक्त आर्थिक सहायता प्रदान करना है।
इस योजना को कौन सा विभाग लागू करता है?
इस योजना को समाज कल्याण विभाग, अंडमान और निकोबार प्रशासन द्वारा लागू किया जाता है।
इस योजना के लिए कौन पात्र है?
अंडमान और निकोबार के निवासी गैर-क्रीमी लेयर OBC छात्र, जिन्होंने 10वीं या 12वीं पास की हो और किसी मान्यता प्राप्त संस्थान में पढ़ाई कर रहे हों, इस योजना के लिए पात्र हैं।
इस योजना के तहत कितनी छात्रवृत्ति मिलती है?
पात्र छात्रों को ₹1,000 प्रति माह की दर से एक शैक्षणिक सत्र में 10 महीने तक छात्रवृत्ति दी जाती है।
क्या यह योजना केवल OBC छात्रों के लिए है?
हां, यह योजना अंडमान और निकोबार के अधिसूचित गैर-क्रीमी लेयर OBC छात्रों के लिए है।
क्या मेडिकल पोस्ट ग्रेजुएशन करने वाले छात्र भी पात्र हैं?
हां, मेडिकल पोस्ट ग्रेजुएशन करने वाले छात्र पात्र हो सकते हैं, बशर्ते उन्हें कोर्स के दौरान प्रैक्टिस करने की अनुमति न हो।
छात्रवृत्ति कितने समय तक मिलती है?
छात्रवृत्ति एक शैक्षणिक सत्र में 10 महीने के लिए दी जाती है और कोर्स पूरा होने तक पात्रता के अनुसार हर वर्ष इसका नवीनीकरण किया जा सकता है।
एक परिवार के कितने बच्चे इस योजना का लाभ ले सकते हैं?
एक परिवार से अधिकतम दो बच्चे इस योजना का लाभ ले सकते हैं। जुड़वां बच्चों की स्थिति में निर्धारित अपवाद लागू हो सकता है।
इस योजना के लिए आवेदन कैसे करें?
आवेदक को राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल (NSP) पर पंजीकरण करना होता है। इसके बाद लॉगिन करके ऑनलाइन आवेदन फॉर्म भरना और आवश्यक दस्तावेज़ जमा करना होता है।
क्या आवेदन के लिए आधार कार्ड जरूरी है?
हां, आवेदन के साथ आधार कार्ड की प्रति आवश्यक दस्तावेज़ों में शामिल है।
अगर ड्रॉपडाउन में संस्थान का नाम नहीं दिखाई दे तो क्या करें?
उपलब्ध जानकारी में ऐसी स्थिति के लिए कोई स्पष्ट समाधान या प्रक्रिया नहीं बताई गई है।
संस्थान को आवेदन भेजने के बाद गलती पता चले तो क्या करें?
उपलब्ध स्रोत में आवेदन अग्रेषित होने के बाद किसी गलती को सुधारने की प्रक्रिया का स्पष्ट उल्लेख नहीं किया गया है।
क्या अंडमान और निकोबार से बाहर पढ़ने वाले छात्र भी आवेदन कर सकते हैं?
हां, पात्र छात्र भारत के किसी भी मान्यता प्राप्त संस्थान में पढ़ाई कर रहे हों, तो योजना के लिए आवेदन कर सकते हैं।
क्या पिछले शैक्षणिक वर्ष के लिए छात्रवृत्ति मिल सकती है?
उपलब्ध जानकारी में पिछले शैक्षणिक वर्ष के लिए छात्रवृत्ति देने का कोई स्पष्ट प्रावधान नहीं बताया गया है।

Vivek

Experience:
Covers the Indian Stock Market, IPOs, Mutual Funds, Corporate Announcements, and Business News.
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